प्रतिदिन 10 प्रश्न और उत्तर (Q & A),(08-07-2022)

प्रश्न-



1. जनगणना 2011 के अनुसार 14 वर्ष से कम आयु वालों की संख्या सकल आबादी का कितने प्रतिशत है?
(a) 29% (b) 30%
(c) 31% (d) 32%

2. जनगणना 2011 के अन्तिम आँकड़ों के अनुसार, निम्नलिखित में से भारत के किस राज्य में न्यूनतम साक्षरता दर है?
(a) अरुणाचल प्रदेश (b) बिहार
(c) राजस्थान (d) झारखण्ड

3. पारिस्थितिकीय पदछाप के माप की इकाई है :
(a) भूमण्डलीय हेक्टेयर
(b) नैनोमीटर
(c) हॉपस क्यूबिक फूट
(d) क्यूबिक टन

4. किस प्रकार के प्रदूषण से बचाव के लिए ‘ग्रीन मफलर’ का उपयोग किया जाता है?
(a) वायु (b) जल
(c)  मृदा (d) ध्वनि (शोर)

5. निम्नलिखित में से कहाँ पर एक संरक्षित कच्छ–वनस्पति क्षेत्र है?
(a) पूर्वीघाट (b) पश्चिमी घाट
(c) गोवा (d) चन्द्र ताल

6. निम्नलिखित संस्थानों में किसमें पर्यावरण सूचना प्रणाली का ‘जनसंख्या एवं पर्यावरण केन्द्र’ स्थित है?
(a) आई.आई.टी., खड़गपुर
(b) आई.आई.टी., नई दिल्ली
(c) आई.आई.पी.एस., मुम्बई 
(d) एन.आई.आर.एस., देहरादून

7. भारत के प्रादेशिक जल क्षेत्र का विस्तार है-
(a) तट से 3 समुद्री मील तक
(b) तट से 6 समुद्री मील तक
(c)  तट से 12 समुद्री मील तक
(d) तट से 24 समुद्री मील तक

8. तमिलनाडु व आन्ध्रप्रदेश के तट का नाम है –
(a) कोरोमण्डल  
(b) मालाबार 
(c)उत्तरी सरकार 
(d) कोंकण

9. मंगलम् सिंचाई परियोजना है–
(a) आंध्र प्रदेश में
(b) केरल में
(c) तमिलनाडु में
(d) पश्चिम बंगाल में

10. निम्नलिखित में से किस युग में पृथ्वी लगभग बर्फ से ढँकी हुई थी?
(a) क्रिटेशियस युग 
(b) प्लायोसीन युग
(c) प्लीस्टोसीन युग 
(d)  टरशियरी युग



उत्तर-


1. (A)   2011 के अंतिम आँकड़ों के अनुसार भारत में 14 वर्ष से कम उम्र वालों की संख्या कुल आबादी का लगभग 29% है।

2. (B)  जनगणना 2011 के अंतिम रिपोर्ट के अनुसार भारत में सबसे कम साक्षरता बिहार (61.8%) की है। अरूणाचल प्रदेश – 65.4%, राजस्थान – 66.1%, झारखण्ड - 66.4% तथा आन्ध्र प्रदेश की साक्षरता 67.0% है।

3. (A)   एक मनुष्य के जीवन को पूर्णरूप से धारणीय करने के लिए आवश्यक न्यूनतम भूमि को पारिस्थितिकीय पदछाप कहते हैं। यह पदछाप (पद चिन्ह) पृथ्वी के पारिस्थितिक तंत्रों पर मानवीय मांग का एक मापक है, जिसकी इकाई भूमण्डलीय हेक्टेयर है।

4. (D)   ग्रीन मफलर अधिक आबादी वाले या ध्वनि प्रदूषण वाले क्षेत्र जैसे–सड़कों के किनारे, औद्योगिक क्षेत्रों और राजमार्गों के आस-पास के रिहायशी इलाकों में 4-6 पंक्तियों में वृक्षारोपण कर ध्वनि प्रदूषण को कम करने की एक तकनीक है ताकि घने-पेड़ ध्वनि प्रदूषण को कम कर सकें क्योंकि पेड़ ध्वनि को फिल्टर करते हैं और मनुष्यों को होने वाली हानि से बचाते हैं।

5. (C)   गोवा का चोराव द्वीप पूर्णत: संरक्षित कक्ष वनस्पति क्षेत्र है। गोवा में 178 हेक्टेअर में विस्तृत कच्छ वनस्पति क्षेत्र को भारतीय वन अधिनियम, 1927 के अंतर्गत एक संरक्षित क्षेत्र घोषित किया गया है। कच्छ वनस्पति (मैंग्रोव) ऊष्ण एवं उपोष्ण कटिबंधीय क्षेत्रों में समुद्र तटों के लवणीय जल में उगने वाले वन होते हैं जो जैव विविधता के संरक्षक होने के साथ–साथ समुद्र और तट के बीच महत्वपूर्ण कड़ी का काम करते हैं तथा तीव्र लहरों से तट की रक्षा करते हैं। 

6. (C)   एनविस का ‘जनसंख्या एवं पर्यावरण केन्द्र’ आई.आई.टी. मुुम्बई में स्थापित किया गया है। पर्यावरण संरक्षण और गुणवत्तापूर्ण जीवन स्तर को बनाए रखने के लिए पर्यावरण का सुधार आवश्यक है इसी तरह की जरूरत पूरा करने के लिए पर्यावरण मंत्रालय ने 1983 में पर्यावरणीय सूचना प्रणाली (एन.वी.आई.एस.) को पर्यावरण संबंधी जानकारी संग्रह, कोलेशन, भण्डारण, पुन:प्राप्ति और विभिन्न प्रयोक्ताओं के प्रसार के व्यापक नेटवर्वâ के रूप में एक योजना कार्यक्रम के रूप में स्थापित किया गया।   

7. (C)   भारत का प्रादेशिक जल क्षेत्र विस्तार भारत के समुद्री तट से 12 नॉटिकल मील की दूरी तक स्थित है। इस क्षेत्र के उपयोग का भारत को सम्पूर्ण अधिकार प्राप्त है। अविच्छिन्न मंडल या संलग्न क्षेत्र की दूरी आधार रेखा से 24 समुद्री मील (1 समुद्री मीलृ 1.8 किमी.) तक है। इस क्षेत्र में भारत को साफ-सफाई, सीमा शुल्क की वसूली और वित्तीय अधिकार प्राप्त है।

8. (A)   पूर्वी समुद्री तट के विस्तृत मैदान के उत्तरी भाग को उत्तरी सरकार तथा दक्षिणी भाग जो आंध्रप्रदेश से तमिलनाडु तक फैला हुआ है, को संयुक्त रूप से कोरोमण्डल तट कहा जाता है, जिसमें तीन भाग आते हैं–उत्कल का मैदान, आंध्र का मैदान और तमिलनाडु का मैदान।

9. (B)  केरल के अधिकांश भाग में पर्याप्त वर्षा होती है। केवल मालाबार तट में वर्षा की अनिश्चितता रहती है। मंगलम्  सिंचाई परियोजना के अंतर्गत मालाबार जिले में नहरों द्वारा 3400 हेक्टेयर भूमि सिंचित होती है। इसके अतिरिक्त परिम्बकुलम अलियार योजना केरल व तमिलनाडु राज्यों का संयुक्त प्रयास है। तमिलनाडु में शीतकालीन वर्षा तो पर्याप्त होती है किन्तु ग्रीष्मकालीन वर्षा की कमी के कारण सिंचाई की आवश्यकता अनुभव की जाती है। यहाँ की प्रमुख सिंचाई परियोजनाओं में मेट्टूर बांध की नहरें, पेरियार योजना, कावेरी डेल्टा की नहरें हैं।

10. (C)   प्लीस्टोसीन युग (20 लाख से 10 हजार वर्ष पूर्व तक) में तापमान का स्तर इतना नीचे आ गया कि सम्पूर्ण उत्तरी अमेरिका, उत्तरी अफ्रीका, यूरोप आर्कटिक और अंटार्कटिक बर्फ की एक मोटी चादर से ढँक गए। इसलिए इस चरण को हिमयुग की संज्ञा दी जाती है।

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