भारत और श्रीलंका के बीच समुद्री सुरक्षा पर समझौता

  • भारत में श्रीलंका के राजदूत ने कहा कि भारत-श्रीलंका को हंबनटोटा बंदरगाह में युआंग वांग 5, चीनी उपग्रह और मिसाइल ट्रैकिंग जहाज़ की उपस्थिति जैसी समुद्री सुरक्षा चिंताओं पर चर्चा करने के लिये एक रूपरेखा का निर्माण करना चाहिये।
  • यह युआंग वांग शृंखला की तीसरी पीढ़ी का पोत है जो वर्ष 2007 से सेवारत है।
  • पोत की इस शृंखला में "मानवयुक्त अंतरिक्ष कार्यक्रम का समर्थन एवं उपग्रह ट्रैकिंग" भी शामिल हैं।
  • विश्व समुदाय के लिये समुद्री सुरक्षा का अत्यधिक महत्त्व है क्योंकि समुद्र में लूट-पाट से लेकर अवैध अप्रवास और हथियारों की तस्करी जैसी चिंताएँ व्याप्त हैं।
  • भारत के संदर्भ में समुद्री सुरक्षा, राष्ट्रीय सुरक्षा का एक महत्त्वपूर्ण पहलू है क्योंकि इसकी तटरेखा 7,500 किलोमीटर से भी अधिक है।

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